जांचने और परखने का मेयार बदल गया है | मोहम्मद ताहिर नदवी

 जांचने और परखने का मेयार बदल गया है 

मोहम्मद ताहिर नदवी

इमाम वा खतीब मस्जिद बेलाल हल्दीपोखर झारखंड



जी ला हाउल पढ़ये और बार बार पढ़ये बल्कि अपने दोस्तो को पढ़ने पर इसरार भी करें क्यू कि इज़्ज़त वा शराफत भी जि़ल्लत वा रुसवाई का शिकार हो गई है। जि़ल्लत को इज़्ज़त का लिबास और इज़्ज़त को जि़ल्लत का लिबास पहना दिया गया है। कमीनगी को शराफत का नाम दे दिया गया है और शराफत को कमीनगी का। अखलाक वा मुरव्वत का जनाजा़ निकाल कर मुआशरे और सोसायटी को बदज़बानी,बदकलामी, बद अखलाकी, बे मुरव्वती, बद तमीजी़, बेहयाई, बेशर्मी और बेलगामी का खुगर बनाया जा रहा है, और ये सबक पढ़ाया जा रहा है के जो जिस कदर इन मज़कुरा बाला सिफ़ाते कबिहा का अलम बरदार होगा वह हिंदुत्व के इस जाफरानी मुआशरे का उतना ही मुअज़्ज़ज़ वा मुकर्रम और काबिल इहताराम शख्स समझा जायेगा।


भारतीय जनता पार्टी के आने के बाद हमारे मुल्क में बहुत कुछ बदला,शहरो और सड़कों के नाम बदले,गांव वा कस्बों के नाम भी बदले, अश्याए खुरदोनोश के दाम बदले, पेट्रोल और डीजल के ताऊ भी बदले, लोगों के मिज़ाज बदले, आवाम की सोच भी बदली और जैसा के हमारे वज़ीर आज़म,जुमला बाजी़ के शहंशाह नरेंद्र मोदी के "ये देश अब बदल रहा है" ऐसे में इज़्ज़त वा शराफत कैसे अपनी जगह खड़ी रह सकती थी और जि़ल्लत वा रुसवाई कब तक लोगो की लानते बर्दाश्त करती। जरूरी था के उसे भी बदल दिया जाए, इज़्ज़त के सर पर जि़ल्लत का ताज और जि़ल्लत के सर पर इज़्ज़त का ताज रख दिया जाए और ये काम मोदी सरकार के दौर में बढ़े शातिराना तरीके से अंजाम दिया जा रहा है ।


गुजिश्ता दिनों ऐसा ही कुछ देखने को मिला के इज़्ज़त वा शराफत का ताज एक ऐसे महन्त के सर रख दिया गया जिस पर इंतहा दर्जे की जि़ल्लत वा रुसवाई और दुनिया जहान की लानतें और नफरतें बेयक वक्त तोहफे में मिली थी। जिस ने सीतापुर में माइक लेकर मुस्लिम औरतों की आबरू रेज़ी की धमकियां दें, जिस ने "नारी सम्मान"और "एहतराम इंसानियत" जैसे असुलों को अपनी पैरों तले रौंद डाला। जिस ने 14 दिन जेल की हवा खाई। जिस पर लोगों को धमका कर, डरा कर और परेशान कर के जमीन हड़पने और न जाने ऐसे कई मुकदमा लगे हुए हैं, ऐसे शख्स के बारे उत्तर प्रदेश की पुलिस कहती है कि "बजरंग मुनि एक मुअज़्ज़ज महंत है एक मजहबी शक्सियत हैं और सीतापुर में उन के बहुत से पैरोकार है, अगर ऐसे नफरती , बद जुबान और बदबूदार शख्स जिस का वजूद ही पूरे मुआशरे को बदबूदार कर देगा,ऐसे महंत को मुआशरे का इज़्ज़त दार महंत बताना इज़्ज़त वा शराफत के हामिल लोगों के लिए जि़ल्लत वा रुसवाई का ताज ही बेहतर है।

मौजूदा सरकार के आते ही हर चीज बदल रही है और हर चीज के जांचने और परखने का पैमाना भी बदल गया है इस लिए अब इज़्ज़त वा जि़ल्लत का मेयार भी बदल रहा है जो जिस कदर इंसानियत को शर्म सार करे, गालियां दे,बेहूदगी की बाते करे उसे मुआशरे का आइडियल और उस के सिरों पर इज़्ज़त वा इहतेराम का सेहरा बांधा जा रहा है लिहाज़ा ऐसी सोच और ऐसी तहजीब के दिलदादों पर फातिहा ख्वानी कीजिए और ज़बान पर हर वक्त ला हौल जारी रखये ! 

मोबाईल नम्बर : 7667039936

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